आज ज्येष्ठ मास के शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि है। शनिवार के दिन मघा नक्षत्र का विशेष प्रभाव रहने से धार्मिक कार्यों, पूजा-पाठ और आध्यात्मिक साधना के लिए दिन महत्वपूर्ण माना जा रहा है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार आज अभिजित मुहूर्त, अमृत चौघड़िया और ब्रह्म मुहूर्त जैसे कई शुभ संयोग बन रहे हैं, जिससे नए कार्यों की शुरुआत, यात्रा और मांगलिक कार्य करना लाभकारी रह सकता है। वहीं राहुकाल और यमगण्ड के समय में शुभ कार्यों से बचने की सलाह दी गई है।
तिथि एवं नक्षत्र
तिथि – अष्टमी, प्रातः 04:27 बजे (24 मई) तक, इसके बाद नवमी
पक्ष – शुक्ल पक्ष
वार – शनिवार
नक्षत्र – मघा, रात्रि 02:09 बजे (24 मई) तक, इसके बाद पूर्वाफाल्गुनी
दिन का चौघड़िया
काल/हानि – प्रातः 05:26 बजे से 07:09 बजे तक
शुभ – प्रातः 07:09 बजे से 08:52 बजे तक
रोग – प्रातः 08:52 बजे से 10:35 बजे तक
उद्वेग – प्रातः 10:35 बजे से दोपहर 12:18 बजे तक
चर – दोपहर 12:18 बजे से 02:01 बजे तक
लाभ – दोपहर 02:01 बजे से 03:44 बजे तक
अमृत – दोपहर 03:44 बजे से सायं 05:27 बजे तक
काल/हानि – सायं 05:27 बजे से 07:10 बजे तक
आज का शुभ समय
अभिजित मुहूर्त – प्रातः 11:44 बजे से दोपहर 12:35 बजे तक
ब्रह्म मुहूर्त – प्रातः 04:15 बजे से 05:00 बजे तक
गोधूलि मुहूर्त – सायं 06:33 बजे से 06:55 बजे तक
आज का अशुभ समय
राहुकाल – प्रातः 08:57 बजे से 10:33 बजे तक
यमगण्ड – दोपहर 01:45 बजे से 03:21 बजे तक
गुलिक काल – प्रातः 05:45 बजे से 07:21 बजे तक
दुर्मुहूर्त – प्रातः 05:45 बजे से 06:36 बजे तक तथा 06:36 बजे से 07:27 बजे तक
सूर्य और चंद्रमा का समय
सूर्योदय – प्रातः 05:45 बजे
सूर्यास्त – सायं 06:34 बजे
चंद्रोदय – दोपहर 12:09 बजे
चन्द्रास्त – रात्रि 12:45 बजे (24 मई)
दिशा शूल : पूर्व दिशा – आज पूर्व दिशा की यात्रा करना अशुभ माना गया है। आवश्यक होने पर यात्रा से पहले गुड़ का सेवन करना शुभ रहेगा।
