बेटी की उच्च शिक्षा में आर्थिक तंगी नहीं बनेगी बाधा, 5 प्रतिशत मिलेगी सब्सिडी

 हरियाणा महिला विकास निगम की शिक्षा ऋण योजना का उठाएं लाभ

सिरसा/कालांवाली (सुरेश जोरासिया)। हरियाणा महिला विकास निगम द्वारा महिलाओं के सर्वांगीण कल्याण, विकास एवं प्रगति के उद्देश्य से विभिन्न योजनाएं कार्यान्वित की जा रही हैं। निगम का मुख्य लक्ष्य महिलाओं को सामाजिक, आर्थिक, स्वास्थ्य एवं शिक्षा के प्रति जागरूक करना, उन्हें प्रशिक्षण कार्यक्रमों के माध्यम से रोजगार के योग्य बनाना तथा आत्मनिर्भर बनाना है।

निगम द्वारा महिलाओं और लड़कियों की उच्च शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए शिक्षा ऋण ब्याज सब्सिडी योजना संचालित की जा रही है। अक्सर सीमित आर्थिक संसाधनों के कारण परिवार लड़कियों को उच्च शिक्षा दिलाने में असमर्थ रहते हैं। उच्च शिक्षा की बढ़ती फीस और शिक्षा ऋण पर अधिक ब्याज दर को ध्यान में रखते हुए निगम ने बैंकों के माध्यम से शिक्षा ऋण पर 5 प्रतिशत ब्याज सब्सिडी देने की पहल की है।

इस योजना के अंतर्गत हरियाणा की स्थायी निवासी प्रत्येक लडक़ी एवं महिला, जो देश या विदेश में व्यावसायिक, तकनीकी डिप्लोमा, स्नातक, स्नातकोत्तर, डॉक्टोरल या पोस्ट-डॉक्टोरल जैसे पाठ्यक्रमों के लिए बैंक से शिक्षा ऋण लेती है, योजना का लाभ प्राप्त कर सकती है। इस योजना में आय, जाति या वर्ग से संबंधित कोई शर्त नहीं रखी गई है तथा हरियाणा सरकार के कर्मचारियों की बेटियां एवं महिलाएं भी इसके लिए पात्र हैं।

शिक्षा ऋण प्राप्त करने के लिए इच्छुक छात्राओं को संबंधित बैंक से आवेदन पत्र लेकर सभी औपचारिकताएं पूर्ण कर वहीं जमा करनी होंगी। आवेदन पत्र की एक प्रति महिला विकास निगम के संबंधित जिले के जिला प्रबंधक कार्यालय में भी जमा करानी होगी। ऋण स्वीकृत होने के बाद बैंक स्वीकृति पत्र एवं ऋण वितरण से संबंधित विवरण जिला प्रबंधक कार्यालय को भेजेगा।

प्रत्येक वित्तीय वर्ष के अंत में बैंक द्वारा सभी लाभार्थियों के ब्याज से संबंधित रिपोर्ट महिला विकास निगम को उपलब्ध कराई जाएगी, ताकि समय पर बजट की व्यवस्था की जा सके। कोर्स पूर्ण होने के बाद दो वर्ष के भीतर आवेदन करने वाली छात्राएं 5 प्रतिशत ब्याज सब्सिडी की पात्र होंगी।

सरकारी कर्मचारियों के परिवार भी है पात्र

योजना के अंतर्गत ब्याज अनुदान प्राप्त करने के लिए बैंक का स्वीकृति पत्र, शैक्षणिक संस्थान का प्रमाण पत्र, हरियाणा राज्य का स्थायी निवास प्रमाण पत्र, परिवार पहचान पत्र, आधार कार्ड, बैंक स्टेटमेंट तथा अन्य आवश्यक दस्तावेज जमा कराने होंगे। इसके अतिरिक्त किसी अन्य विभाग से अनुदान न लेने का स्व-घोषणा पत्र भी देना अनिवार्य है। जिला कार्यक्रम अधिकारी डा. दर्शना सिंह ने बताया कि हरियाणा के बाहर अस्थायी रूप से रह रहे हरियाणा के कर्मचारियों की बेटियां या महिलाएं भी यदि शिक्षा ऋण लेना चाहती हैं, तो वे संबंधित बैंक तथा नजदीकी जिला प्रबंधक कार्यालय, हरियाणा महिला विकास निगम में अपना आवेदन भेज सकती हैं।

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