आबिद हुसैन, हापुड़। उत्तर प्रदेश के हापुड़ जिले में थाना पिलखुवा क्षेत्रांतर्गत हाइवे पर हुई सनसनीखेज 64 लाख रुपये की लूट की घटना का पुलिस ने मात्र 13 दिनों में सफल अनावरण कर दिया। जनपदीय स्वाट टीम और थाना पिलखुवा पुलिस की संयुक्त टीम ने गहन जांच और खुफिया जानकारी के आधार पर बदमाशों का सुराग लगा लिया। शुक्रवार को देर रात हुई बहादुरीपूर्ण मुठभेड़ में एक घायल अवस्था में सहित कुल 5 कुख्यात बदमाशों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की गई।
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार अभियुक्तों के कब्जे से लूटे गए 44,37,000 रुपये की नकदी बरामद की गई, जो मूल लूट की धनराशि का बड़ा हिस्सा है। इसके अलावा HDFC बैंक की चेकबुक, लूट के पैसे से खरीदे गए 3 ब्रांडेड मोबाइल फोन (जिनकी कुल कीमत लगभग 2,94,000 रुपये आंकी गई है), एक अवैध असलहा जिसमें जिंदा और खोखा कारतूस लदे थे, घटना में प्रयुक्त 4 मोबाइल फोन तथा 3 दुपहिया वाहन भी जब्त कर लिए गए। ये वाहन लूट की साजिश में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले थे। बरामद नकदी कोर्ट के आदेश पर पीड़ित व्यापारी को लौटाया जाएगा।लूट की वारदात का खुलासा: रेकी से लेकर वारदात तक का प्लानगिरफ्तार अभियुक्तों ने पूछताछ में कबूल किया कि उन्होंने 31 जनवरी 2026 को हाईवे पर व्यापारी की रेकी की थी। थाना पिलखुवा क्षेत्र के अंतर्गत दिल्ली-मेरठ हाइवे पर धान-गेहूं व्यापारी को निशाना बनाते हुए उन्होंने सुनियोजित तरीके से 64 लाख रुपये की लूट को अंजाम दिया था। बदमाशों ने व्यापारी के वाहन को रोका, हथियार दिखाकर नकदी लूटी और फरार हो गए थे। घटना के बाद स्थानीय व्यापारी समुदाय में दहशत फैल गई थी, और पुलिस पर तुरंत कार्रवाई का दबाव बढ़ गया।वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने बताया कि स्वाट टीम को मुखबिरों से गुप्त सूचना मिली थी कि बदमाश लूट की कमाई को आपस में बांटने और अगली साजिश रचने की फिराक में थे। टीम ने हापुड़-गाजियाबाद बॉर्डर पर नाकाबंदी की और संदिग्ध वाहनों पर नजर रखी। मुठभेड़ के दौरान बदमाशों ने पुलिस पर गोलीबारी की, लेकिन सतर्क जवानों ने जवाबी कार्रवाई में एक बदमाश को पैर में गोली लगने से घायल कर गिरफ्तार कर लिया। बाकी चार ने आत्मसमर्पण कर दिया। घायल बदमाश को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है।एसएसपी का बयान और टीम का सम्मानकुंवर ज्ञानंजय सिंह, एसएसपी हापुड़ ने संयुक्त टीम को बधाई देते हुए कहा, "यह सफलता हमारी जीरो टॉलरेंस पॉलिसी का परिणाम है। स्वाट टीम और स्थानीय पुलिस का समन्वय अपराधियों के हौसले को तोड़ने में कारगर साबित हो रहा है। हम ऐसी घटनाओं पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे और क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को और मजबूत करेंगे।" उन्होंने उत्साहवर्धन हेतु 25,000 रुपये का नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया।उप निरीक्षक पारस मलिक प्रभारी स्वाट टीम जनपद हापुड़ के नेतृत्व में 15 लोगों की टीम व प्रभारी निरीक्षक मनीष चौहान सिंह थाना पिलखुवा के नेतृत्व में नौ लोगों की टीम ने इस काम को अंजाम दिया। अपराध पर लगाम का संदेशव्यापारी संगठनों ने पुलिस की सराहना की और मांग की कि ऐसे अपराधों पर कड़ी निगरानी रखी जाए। गिरफ्तार अभियुक्तों में मुख्य रूप से स्थानीय स्तर के कुख्यात अपराधी शामिल हैं, जिनके खिलाफ पहले भी लूट और हत्या जैसे कई मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस अब अन्य संभावित सहयोगियों की तलाश में छापेमारी कर रही है। यह घटना न केवल पीड़ित व्यापारी के लिए राहत की सांस है, बल्कि पूरे क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने का मजबूत संदेश भी देती है।
