भारतीय सनातन परंपरा में पंचांग केवल तिथि, वार और नक्षत्र की जानकारी देने वाला ग्रंथ नहीं है, बल्कि यह जीवन को समय के अनुरूप व्यवस्थित करने का मार्गदर्शक भी है। शुभ-अशुभ मुहूर्त, ग्रह-नक्षत्रों की स्थिति तथा दैनिक कार्यों के लिए अनुकूल समय की जानकारी पंचांग के माध्यम से प्राप्त होती है। आज आषाढ़ मास के कृष्ण पक्ष की द्वितीया तिथि है। आइए जानते हैं 1 जुलाई 2026, बुधवार का विस्तृत पंचांग और दिनभर के शुभ-अशुभ योग।
पंचांग : तिथि : आषाढ़ मास, कृष्ण पक्ष द्वितीया तिथि (प्रातः 06:24 बजे से द्वितीया तिथि)
- वार : बुधवार
- नक्षत्र : पूर्वाषाढ़ा सायं 06:33 बजे तक, तत्पश्चात उत्तराषाढ़ा
- विक्रम संवत : 2083
सूर्य चंद्रमा की स्थिति
- सूर्योदय : प्रातः 05:13 बजे
- सूर्यास्त : सायं 06:47 बजे
- चंद्रोदय : सायं 08:07 बजे
- चंद्रास्त : प्रातः 04:40 बजे
ग्रह स्थिति
- चंद्र राशि : धनु राशि दोपहर 01:31 बजे तक, तत्पश्चात मकर राशि
- सूर्य राशि : मिथुन
आज का चौघड़िया
चौघड़िया| समय
लाभ| प्रातः 05:13 बजे से 06:55 बजे तक
अमृत| प्रातः 06:55 बजे से 08:35 बजे तक
काल| प्रातः 08:35 बजे से 10:19 बजे तक
शुभ| प्रातः 10:19 बजे से 11:36 बजे तक
रोग| दोपहर 11:36 बजे से 01:48 बजे तक
उद्वेग| दोपहर 01:48 बजे से 03:23 बजे तक
चर| सायं 03:25 बजे से 04:43 बजे तक
लाभ| सायं 04:43 बजे से 06:48 बजे तक
आज के शुभ मुहूर्त
- ब्रह्म मुहूर्त : प्रातः 04:06 बजे से 04:46 बजे तक
- गोधूलि मुहूर्त : सायं 07:21 बजे से 07:41 बजे तक
- अभिजित मुहूर्त : आज उपलब्ध नहीं है
आज के अशुभ मुहूर्त
- राहुकाल : दोपहर 12:25 बजे से 02:09 बजे तक
- यमगण्ड : प्रातः 07:11 बजे से 08:56 बजे तक
- गुलिक काल : प्रातः 10:40 बजे से दोपहर 12:25 बजे तक
- दुर्मुहूर्त : पूर्वाह्न 11:57 बजे से दोपहर 12:52 बजे तक
दिशाशूल : उत्तर दिशा
आज का विशेष : आषाढ़ कृष्ण पक्ष की द्वितीया तिथि आत्मचिंतन, संयम और आध्यात्मिक साधना के लिए विशेष मानी जाती है। पूर्वाषाढ़ा एवं उत्तराषाढ़ा नक्षत्र का संयोग व्यक्ति को दृढ़ संकल्प, परिश्रम और लक्ष्य प्राप्ति की प्रेरणा देता है। धार्मिक कार्यों, पूजा-पाठ, दान-पुण्य तथा गुरुजनों के सम्मान के लिए दिन शुभ माना गया है। हालांकि राहुकाल और अन्य अशुभ मुहूर्तों में महत्वपूर्ण कार्यों की शुरुआत करने से बचना चाहिए।
