नई दिल्ली। राजधानी के शाहीन बाग, ओखला क्षेत्र में स्थित सर सैयद मिशन स्कूल (एसएसएमएस) ने खेलों के मैदान पर एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल कर सबको चौंका दिया है। यूकेजी से कक्षा 8 तक के 70 से अधिक नन्हे-मुन्ने छात्र-छात्राओं ने वर्ल्ड मार्शल आर्ट्स एकेडमी द्वारा आयोजित अंतरराष्ट्रीय ताइक्वांडो बेल्ट प्रमोशन परीक्षा में न केवल भाग लिया, बल्कि शानदार प्रदर्शन कर प्रमाण-पत्र हासिल किए। यह परीक्षा वर्ल्ड ताइक्वांडो मास्टर यूनियन (यूएसए) से मान्यता प्राप्त है, जो छात्रों की तकनीकी दक्षता, शारीरिक संतुलन, शक्ति, अनुशासन व मानसिक एकाग्रता का कठिन इम्तिहान लेती है।
स्कूल प्रशासन के मुताबिक, यह उपलब्धि केवल खेल की जीत नहीं, बल्कि समग्र विकास का प्रतीक है। सर सैयद मिशन स्कूल शिक्षा के साथ-साथ छात्रों के शारीरिक फिटनेस, आत्मरक्षा कौशल, आत्मविश्वास व चरित्र निर्माण पर विशेष जोर देता है। पिछले कुछ वर्षों में स्कूल ने क्रिकेट, फुटबॉल व कराटे जैसे खेलों में भी कई राष्ट्रीय स्तर की सफलताएं हासिल की हैं, लेकिन ताइक्वांडो में यह अंतरराष्ट्रीय स्तर का पहला बड़ा कीर्तिमान है।
दिग्गज अतिथियों की मौजूदगी में हुआ समारोह
परीक्षा व प्रमोशन समारोह में मार्शल आर्ट्स जगत की नामी हस्तियां शिरकत करने पहुंचीं। इनमें हरियाणा के राजवीर सिंह व प्रसिद्ध महिला आत्मरक्षा विशेषज्ञ मीनाक्षी, उत्तर प्रदेश के कोच मोहम्मद आदिल व मुकम्मिल खान, आईएमएफआई के जनरल सेक्रेटरी तज़ीम सुल्तान (हरियाणा), प्रेसिडेंट अबरार खान (हापुड़, उत्तर प्रदेश) तथा ट्रेज़रर सदमा शामिल रहीं। अबरार खान ने छात्रों के प्रदर्शन को "भविष्य के चैंपियन" करार देते हुए कहा, "इन बच्चों में ओलंपिक स्तर की क्षमता है।" अतिथियों ने पदक व प्रमाण-पत्र भेंट कर छात्रों का उत्साहवर्धन किया।
स्टार परफॉर्मर्स की लिस्ट: बेल्ट प्रमोशन में टॉपर्स
येलो बेल्ट:ग्रुप 1: प्रथम– उज़ैर जिलानी, द्वितीय– मोहम्मद मुआज़, तृतीय– मोहम्मद फैज़ रज़ाग्रुप 2: प्रथम– मरियम परवेज़, द्वितीय– खालिद सैफुल्लाह, तृतीय– अनीक़ा फातिमाग्रुप 3: प्रथम– आतिफ अंसारी, द्वितीय– अब्दुर रहमान, तृतीय– सारा हयातग्रुप 4: प्रथम– ज़ैनब सिद्दीकी, द्वितीय– सैयद अरशान अहमद, तृतीय– अफ़राज़ फ़रीदग्रीन बेल्ट:ग्रुप 1: प्रथम– ज़ैन हुसैन आरफ़ी, द्वितीय– अयान अहसान, तृतीय– उमैर जिलानीव्हाइट बेल्ट:ग्रुप 1: प्रथम– अयान खान, द्वितीय– शयान अज़ीम, तृतीय– मोहम्मद इलियासग्रुप 2: प्रथम– शहज़ान खान, द्वितीय– एमडी जिबरान, तृतीय– माज़ अमीनछात्रों व अभिभावकों की खुशी
प्रथम स्थान प्राप्त उज़ैर जिलानी ने कहा, "ताइक्वांडो ने मुझे अनुशासन सिखाया। अब मैं राष्ट्रीय स्तर पर खेलना चाहता हूं।" वहीं, मरियम परवेज़ की मां ने बताया, "स्कूल की वजह से हमारा बच्चा आत्मविश्वास से भर गया है।" अभिभावकों के बीच इस उपलब्धि पर खुशी की लहर है, जो क्षेत्रीय समुदाय में खेलों के प्रति उत्साह बढ़ा रही है।
प्राचार्य का संदेश: खेल से बनता चरित्र
विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ. मोहम्मद कलीमुल्लाह ने बधाई संदेश देते हुए कहा, "यह सफलता छात्रों की कड़ी मेहनत, कोचों के समर्पण व अभिभावकों के सहयोग का फल है। ताइक्वांडो न केवल शारीरिक मजबूती देता है, बल्कि जीवन में अनुशासन, नेतृत्व व तनाव प्रबंधन सिखाता है।" उन्होंने घोषणा की कि स्कूल जल्द ही राष्ट्रीय ताइक्वांडो चैंपियनशिप के लिए विशेष ट्रेनिंग कैम्प शुरू करेगा।यह उपलब्धि ओखला व शाहीन बाग जैसे घनी आबादी वाले इलाकों में खेल संस्कृति को मजबूत करने का उदाहरण बन गई है। स्कूल प्रबंधन का मानना है कि ऐसे प्रयास छात्रों को अपराध, नशे व निष्क्रियता से दूर रखेंगे।
